« कटिहार में बड़ी कार्रवाई: पाकिस्तानी आतंकी नेटवर्क से कथित संपर्क के आरोप में युवक गिरफ्तार, संयुक्त एजेंसियों का ऑपरेशन « मानवता की मिसाल बने यातायात अधिकारी दिनेश कुमार, फुटपाथ पर रहने वाले जरूरतमंदों को अपने हाथों से करा रहे भोजन « एसबीआई संजीवनी क्लिनिक ऑन व्हील्स परियोजना के तहत डढ़िया पंचायत के बुधैल गांव में जागरूकता शिविर आयोजित « कटिहार में मद्य निषेध टीम की बड़ी कार्रवाई: रेलवे स्टेशन और पार्सल ऑफिस पर छापेमारी, 55.110 लीटर शराब-बीयर जब्त, दो तस्कर गिरफ्तार « सीमांचल के विकास पर AIMIM और जेडीयू आमने-सामने, आरोप-प्रत्यारोप से गरमाई सियासत « सीमांचल की राजनीति का भरोसेमंद चेहरा: जनसेवा, संघर्ष और समर्पण की मिसाल ख्वाजा शाहिद « AIMIM Slams Bihar Government Over Neglect of Seemanchal, Raises Development and Power Crisis Issues « HMIS पोर्टल पर स्वास्थ्य सेवाओं की रिपोर्टिंग को लेकर जिला पदाधिकारी ने निजी अस्पताल संचालकों के साथ की बैठक « बकरीद पर सौहार्द बनाए रखने की अपील, गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की उठी मांग « कटिहार में मंत्री दिलीप जायसवाल बोले— कार्यकर्ता केंद्र और राज्य सरकार की योजनाएं घर-घर पहुंचाएं
«Back
देशभर में वक्फ कानून को लेकर जारी विवाद ने एक नई राजनीतिक और सामाजिक बहस को जन्म दे दिया है। यह मुद्दा अब सिर्फ एक कानूनी मामला नहीं रहा।
  • Latest News
  • 2025-04-23 17:07:11
  • सैयद शादाब आलम

देशभर में वक्फ कानून को लेकर जारी विवाद ने एक नई राजनीतिक और सामाजिक बहस को जन्म दे दिया है। यह मुद्दा अब सिर्फ एक कानूनी मामला नहीं रहा।

कटिहार जिले में भी इस कानून के खिलाफ बड़ा प्रदर्शन देखने को मिला है। जहां कटिहार जिला नौजवान कमिटी के बैनर तले हजारों की संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोग एकजुट होकर सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और बिहार सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और वक्फ कानून को पूरी तरह से रिजेक्ट करने की मांग की। 


जिला नौजवान कमिटी के अरमान मंजर राणा,जफीर हुसैन,इजहार अली ने बताया की वक्फ कानून के जरिए सरकार मुसलमानों की संपत्तियों पर नियंत्रण स्थापित करना चाहती है और यह उनके धार्मिक अधिकारों का हनन है। वक्फ बोर्ड की भूमिका और शक्तियों को लेकर जो संशोधन लाया गया है, वह मुस्लिम समुदाय के हितों के खिलाफ है और इसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता।

प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह कानून समुदाय की संपत्तियों को छीनने का एक हथकंडा है और इससे न सिर्फ धार्मिक आज़ादी पर असर पड़ेगा, बल्कि सामाजिक ढांचे पर भी गंभीर प्रभाव पड़ेगा। लोगों की मांग है कि सरकार इस कानून को तुरंत वापस ले और मुस्लिम समुदाय से बातचीत कर उनके सुझावों के आधार पर कोई नया प्रस्ताव तैयार करे।

Recent News

कटिहार में बड़ी कार्रवाई: पाकिस्तानी आतंकी नेटवर्क से कथित संपर्क के आरोप में युवक गिरफ्तार, संयुक्त एजेंसियों का ऑपरेशन
2026-07-13 19:30:48
 
मानवता की मिसाल बने यातायात अधिकारी दिनेश कुमार, फुटपाथ पर रहने वाले जरूरतमंदों को अपने हाथों से करा रहे भोजन
2026-06-24 17:45:07
 
एसबीआई संजीवनी क्लिनिक ऑन व्हील्स परियोजना के तहत डढ़िया पंचायत के बुधैल गांव में जागरूकता शिविर आयोजित
2026-06-24 17:06:42
 
कटिहार में मद्य निषेध टीम की बड़ी कार्रवाई: रेलवे स्टेशन और पार्सल ऑफिस पर छापेमारी, 55.110 लीटर शराब-बीयर जब्त, दो तस्कर गिरफ्तार
2026-06-21 12:58:38
 
सीमांचल के विकास पर AIMIM और जेडीयू आमने-सामने, आरोप-प्रत्यारोप से गरमाई सियासत
2026-06-17 18:44:28